ग्वालियर । वर्षा जल सहेजने एवं पुरानी जल संरचनाओं के जीर्णोद्धार के उद्देश्य से ग्वालियर जिले में भी मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा के अनुरूप “जल गंगा संवर्धन” अभियान चलाया जा रहा है। खासतौर पर ग्रामीण अंचल में जन अभियान परिषद भी ग्रामीणों को अभियान से जोड़कर जल संरक्षण व संवर्धन के लिये जागरूक किया जा रहा है। इस कड़ी में बुधवार को भितरवार जनपद पंचायत के ग्राम छिरेंटा की पोखर के गहरीकरण के लिए एसडीएम डीएन सिंह की अगुआई में ग्रामीणों ने सामूहिक श्रमदान किया। इस अवसर पर ग्रामीणों के साथ जल गंगा संवर्धन अभियान को लेकर सार्थक संवाद हुआ। साथ ही ग्रामीणों को अधिक से अधिक पौधे रोपने, पर्यावरण संरक्षण व जैविक खेती के लिये भी प्रोत्साहित किया गया।
श्रमदान के दौरान एसडीएम डीएन सिंह ने कहा कि जल पंच महाभूतों में से एक है। इसीलिए कहा जाता है कि जल है तो कल है। इसलिए पानी की एक-एक बूँद को संरक्षित करने में ही हम सबकी भलाई है। उन्होंने इस अवसर पर किसानों से ग्रीष्मकालीन धान की फसल के स्थान पर कम पानी में अधिक पैदावार होने वाली मूँग की फसल लेने का आह्वान किया। जन अभियान परिषद के संभागीय समन्वयक सुशील बरूआ ने गाँव की प्रस्फुटन समिति से जुड़े कार्यकर्ताओं सहित श्रमदान के लिये आगे ग्रामीणों का आह्वान किया कि वे जल संरक्षण के साथ-साथ सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के साथ पौधे भी रोपें, जिससे पर्यावरण अच्छा बना रहे। उन्होंने जन अभियान परिषद द्वारा स्थापित कराई गई पाठशाला, मल्लशाला, गौशाला तथा संस्कार शाला से जुड़े युवाओं से छिरेंटा गाँव को आदर्श ग्राम बनाने के लिये एकजुट होने को कहा। साथ ही ऊर्जा संरक्षण, महिला सशक्तिकरण व नशामुक्ति के साथ गाँव को विवादरहित बनाने पर भी बल दिया।
जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत ग्राम छिरेंटा में आयोजित हुए कार्यक्रम के दौरान जन अभियान परिषद की नवांकुर संस्था ग्राम विकास प्रस्फुटन समिति छिरेंटा के जन सूचना केन्द्र, वाचलानय व संस्कार केन्द्र का अवलोकन भी एसडीएम डीएन सिंह व संभागीय समन्वयक सुशील बरूआ सहित अन्य अधिकारियों ने किया। साथ ही गाँव में जन अभियान परिषद के सहयोग से शुरू किए गए नि:शुल्क कोचिंग सेंटर का फीता काटकर शुभारंभ भी किया। इस अवसर पर जन अभियान परिषद के जिला समन्वयक धर्मेन्द्र कुमार दीक्षित, तहसीलदार धीरज सिंह परिहार तथा प्रस्फुटन समितियों के सदस्यगण एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन विकासखंड समन्वयक मनोज दुबे ने किया और अंत में सभी के प्रति पातीराम कुशवाह ने आभार व्यक्त किया।