जल संरक्षण की पहल: 100 ग्राम पंचायतों में हैंडपंप के पास बन रहे रिचार्ज स्ट्रक्चर
ग्वालियर। जल संरक्षण और संवर्धन के लिये चलाए जा रहे जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत ग्वालियर जिले में जल संरक्षण के अनेक कार्य किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में जिले में प्रथम चरण में 100 ग्राम पंचायतों के ऐसे हैंडपंप जिनके आसपास बरसात का पानी एकत्र होता था, वहां पर हैंडपंप के लिये प्लेटफार्म एवं हैंडपंप से निकलने वाले पानी को संरक्षित करने हेतु रीचार्ज स्ट्रक्चर (सोखपिट) बनाने का कार्य किया जा रहा है। इससे हैंडपंप के आसपास की गंदगी से मुक्ति मिलेगी वहीं अनुपयोगी पानी का संरक्षण भी हो सकेगा।
कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान के निर्देश पर जिले में जल संरक्षण और स्वच्छता को लेकर एक पहल शुरू की गई है। जिले की 100 ग्राम पंचायतों में उन हैंडपंपों के आसपास जहाँ बरसात के दौरान पानी एकत्र होकर गंदगी फैलती थी, वहाँ अब सीमेंटेड प्लेटफार्म और रिचार्ज स्ट्रक्चर/सोख्ता गड्ढे बनाए जा रहे हैं। इस कार्य का उद्देश्य बरसात के पानी को हैंडपंप के आसपास जमा न होने देना और उसी पानी को भूमिगत जल में रिचार्ज करना है, ताकि ग्रामीणों को साल भर शुद्ध और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध हो सके। वर्तमान में जिले में यह कार्य तेजी के साथ प्रगति पर है और कई स्थानों पर निर्माण पूर्ण भी हो चुका है। पहले बरसात में हैंडपंप के चारों ओर कीचड़ और गंदा पानी जमा हो जाता था। इससे न सिर्फ संक्रमण का खतरा बढ़ता था, बल्कि महिलाओं और बच्चों को पानी भरने में भी कठिनाई होती थी। अब बने नए प्लेटफार्म से पानी सीधे रिचार्ज पिट में जाकर जमीन में समा रहा है, जिससे आसपास का क्षेत्र सूखा और साफ रह रहा है। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने कहा कि “हमारा प्रयास है कि ग्रामीणों को मूलभूत सुविधाएँ स्वच्छ और टिकाऊ तरीके से मिलें। हैंडपंप के पास रिचार्ज स्ट्रक्चर न केवल स्वच्छता बढ़ाएगा बल्कि भूजल स्तर सुधारने में भी मदद करेगा।” इस नवाचार से ग्वालियर जिले में ग्रामीण विकास की दिशा में एक सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है।