जो बड़ों की आज्ञा मानते हैं उनकी आयु और कीर्ति बढ़ती है:लवदास
शताब्दीपुरम दंदरौआ धाम मंदिर में श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन मना श्री कृष्ण जन्मोत्सव
ग्वालियर। जो अपने बड़ों की आज्ञा मानते हैं उनकी आयु और कीर्ति में वृद्धि होती है । यह विचार लव दास महाराज ने शताब्दीपुरम स्थित दंदरौआ धाम मंदिर में आयोजित हो रही श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिवस बुधवार को व्यक्त किए। इस अवसर पर भगवान श्री कृष्ण का जन्मोत्सव हर्षोल्लाह से मनाया गया। भगवान श्री कृष्ण की बाल रूप की झांकी को देखकर श्रद्धालु विभोर हो गए ।
लव दास महाराज ने कहा कि भगवान की कथा में वह सामर्थ्य है की कथा सुनने की इच्छा मात्र से भगवान हृदय में बैठ जाते हैं । भगवान की भक्ति करने वालों को संसार तो क्या स्वर्ग के ऐश्वर्य की भी इच्छा नहीं होती। ध्रुव की भक्ति से प्रसन्न होकर भगवान ने उन्हें बिना मांगे ही 36000 वर्ष का राज पाठ दे दिया लेकिन ध्रुव ने उसे यह कहकर ठुकरा दिया कि जिस प्रकार मरणासन्न व्यक्ति के लिए औषधि व्यर्थ है उसी प्रकार मेरे लिए कि राजपाठ व्यर्थ हैं। उन्होंने बताया कि भगवान को प्रसन्न करने के लिए सहनशीलता करुणा और सबके प्रति मंगल की भावना होनी चाहिए.
। जो सबको अपना मित्र मानते हैं और किसी को अपना शत्रु नहीं मानते भगवान उनसे सदा प्रसन्न रहते हैं। उन्होंने कहा कि सिर्फ आराध्या की पूजा पर्याप्त नहीं है बल्कि उनके आदर्शों पर चलना भी जरूरी है तभी वह प्रसन्न होते हैं । उन्होंने कहा कि जब संसार अनुकूल होता है तो बंधन आसानी से नहीं छुट्टी लेकिन जब जीवन में प्रतिकूलता आरंभ हो जाती हैं तो संसार के वर्णन स्वत ही छूटने लग जाते हैं । उन्होंने कहा कि जो भी परिस्थिति आए भगवान की कृपा के दर्शन करना चाहिए। उन्होंने एक कथा का उदाहरण देकर समझाया जो कुछ भी होता है भगवान की कृपा से अच्छा ही होता है। इस अवसर पर कथा की आयोजक वी केयर एनजीओ के अध्यक्ष संदीप रावत ने कहा कि आज ईश्वर की कृपा से पूरा पंडाल भर गया और हम भविष्य में आगे भी स्थान पर टेंट और बढ़ाएंगे। इस अवसर पर कथा परीक्षित साधना राजीव कोठारी भास्कर शर्मा सागर नाती सहित पूरा पंडाल खचाखच भरा था।