दुष्कर्म मामले में डिप्टी कलेक्टर को जमानत
ग्वालियर| मुरैना में पदस्थ रहे एक डिप्टी कलेक्टर अरविंद माहौर को हाईकोर्ट ने 149 दिन बाद जमानत दे दी। दुष्कर्म मामले में गिरफ्तार किए गए इस अधिकारी पर एक युवती ने संगीन आरोप लगाकर सनसनी फैला दी थी। कोर्ट दो बार जमानत अर्जी खारिज कर चुका है। न्यायमूर्ति राजेश कुमार गुप्ता ने गुरुवार को आदेश दिए। डिप्टी कलेक्टर अरविंद की ओर से एडवोकेट रिंकू राठौर ने दलील दी की पीड़िता के बयान और सोशल साइट चेट से आपसी सहमति के संबंध सामने आए हैं। आरोप तय हो चुके हैं लेकिन पीड़िता के ट्रायल कोर्ट में उपस्थित होने के बावजूद उसकी गवाही दर्ज नहीं हुई। सरकार की ओर से लोक अभियोजक दिनेश सविता ने कहा कि चौथी अर्जी 23 सितंबर को खारिज हुई। हाईकोर्ट ने 50 हजार रुपए के नजी मुचलके और इतनी ही राशि की जमानत पर रिहाई का आदेश दिया। गिरफ्तारी के बाद अरविंद माहौर को निलंबित कर दिया गया था।
यह था पूरा मामला
मुरैना के सिविल लाइन थाने में 3 जून 2026 को दर्ज शिकायत के मुताबिक पीड़िता की अरविंद माहौर से सोशल साइट पर दोस्ती हुई थी। दोनों पहली बार 30 मार्च 2025 को मिले। आरोप है कि अरविंद माहौर ने कार में युवती से उसकी मर्जी के खिलाफ दुष्कर्म किया।