ग्वालियर। भारतीय योग संस्थान, मध्यप्रदेश प्रांत के जिला ग्वालियर दक्षिण द्वारा सनवैली केंद्र पर 60वां योग दिवस हर्षोल्लास एवं उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में चंबल विकास परिषद के अध्यक्ष मुकेश अग्रवाल तथा भारतीय योग संस्थान की प्रांतीय संगठन मंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि मुकेश अग्रवाल ने कहा कि देश में योग के प्रति लगातार बढ़ती जागरूकता और विशेष रूप से ग्वालियर में हर आयु वर्ग का योग से जुड़ना अत्यंत संतोष और प्रसन्नता का विषय है। उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता इस बात की है कि योग कुछ केंद्रों या आयोजनों तक सीमित न रहकर हर परिवार की नियमित जीवनशैली का हिस्सा बने। श्री अग्रवाल ने अपने प्रेरणादायक उद्बोधन में नारद जी के प्रसंग के माध्यम से मन और योग के संबंध को अत्यंत रोचक ढंग से समझाया। उन्होंने कहा कि मनुष्य का मन अपार शक्ति वाला है, किंतु अनियंत्रित मन विनाश का कारण भी बन सकता है। “योग वह माध्यम है, जिससे मनुष्य अपने विवेक को जागृत कर, प्राण ऊर्जा को नियमित कर और मन को नियंत्रित कर अपनी शक्ति को विनाश के स्थान पर निर्माण की दिशा में लगा सकता है।” श्री मुकेश अग्रवाल ने कहा, “यदि शरीर स्वस्थ नहीं है तो धन, वैभव और प्रतिष्ठा भी हमारे लिए अर्थहीन हो जाते हैं। इनका सदुपयोग करने के लिए सबसे पहली आवश्यकता स्वस्थ शरीर और शांत मन की है और इसका सहज मार्ग योग है।” उन्होंने कहा कि “ग्वालियर में योग की जो ज्योति प्रज्वलित हुई है, उसे और अधिक प्रखर बनाकर शहर के प्रत्येक परिवार तक पहुँचाने में मैं भी अपनी सहभागिता निभाना चाहता हूं। योग के माध्यम से स्वस्थ, सकारात्मक और संस्कारित ग्वालियर का निर्माण हमारा सामूहिक संकल्प होना चाहिए।”
विशिष्ट अतिथि एवं प्रांतीय संगठन मंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता ने “स्वस्थ जीवन एवं योग” विषय पर संबोधित करते हुए कहा कि “पहला सुख निरोगी काया” की अवधारणा को जीवन में साकार करने के लिए योग को अपनाना आवश्यक है। उन्होंने शरीर की प्राण ऊर्जा, मुख्य प्राण एवं उपप्राण के महत्व को समझाते हुए प्राणायाम को स्वस्थ जीवन का महत्वपूर्ण आधार बताया।इससे पूर्व योग साधना सत्र में विभिन्न आसनों का अभ्यास के.आर. टोपरे, जी.एस. छाबड़ा, रेखा गुप्ता, मधुवन, सुनीता अग्रवाल, मधु पहारिया, वंदना सिसोदिया, स्वाति तम्बत, ममता गर्ग, संध्या सक्सेना, रमा सक्सेना, बृजमोहन गुप्ता एवं आर.सी. अमलानी द्वारा कराया गया। प्राणायाम का अभ्यास रेखा गुप्ता तथा ध्यान का अभ्यास जिला प्रधान पवन गुप्ता ने कराया। द्वितीय सत्र का शुभारंभ अतिथियों द्वारा सरस्वती पूजन एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। ममता दुबे, प्रतिभा चौहान एवं आराधना दीक्षित ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। जी.एस. छाबड़ा एवं रानी पाठक ने स्वरचित लोकगीत तथा प्रियांशी गुप्ता ने “अच्युतम केशवम” भजन की मधुर प्रस्तुति देकर उपस्थित साधकों की सराहना प्राप्त की।
कार्यक्रम के दौरान जिला प्रधान पवन गुप्ता, जिला कोषाध्यक्ष प्रमोद वर्मा एवं क्षेत्रीय प्रधानों ने मुख्य अतिथि मुकेश अग्रवाल को स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। कार्यक्रम का संचालन क्षेत्रीय प्रधान प्रतिभा चौहान ने किया। सामग्री एवं साहित्य स्टॉल की व्यवस्था प्रमोद वर्मा एवं के.आर. टोपरे ने संभाली। योग साधना एवं आयोजन में भूपेंद्र चौहान, राकेश चौहान, सी.के. नीखरा, नीति चौहान, दिनेश त्रिवेदी सहित विभिन्न केंद्रों के केंद्र प्रमुख, विस्तारक, सप्तऋषि एवं बड़ी संख्या में योग साधकों ने सहभागिता की। अंत में मीडिया प्रभारी गिरीश अग्रवाल ने अतिथियों एवं उपस्थित साधकों के प्रति आभार व्यक्त किया तथा पौष्टिक स्वल्पाहार का वितरण किया गया। मुकेश अग्रवाल ने भारतीय योग संस्थान के पदाधिकारियों, योग शिक्षकों एवं साधकों द्वारा ग्वालियर में योग के विस्तार के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि योग को जन-आंदोलन के रूप में आगे बढ़ाने वाले ऐसे प्रयास स्वस्थ समाज के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान हैं।