सिंहस्थ के लिये पुलिस अधिकारी खुद को मानसिक एवं शारीरिक रूप से तैयार रखेंः आईजी सक्सैना
- सिंहस्थ 2028 के विशेष प्रशिक्षण सत्र का हुआ शुभारंभ
ग्वालियर। सिंहस्थ 2028 जैसे विशाल धार्मिक आयोजन को सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिये भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा व्यवस्था, शाही स्नान, अखाड़ों की पेशवाई, घाटों पर सुरक्षा प्रबंधन एवं आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए पुलिस बल को विशेष रूप से प्रशिक्षित किया जा रहा है। सभी अधिकारी एवं कर्मचारी मानसिक एवं शारीरिक रूप से स्वयं को तैयार रखें, ताकि सिंहस्थ जैसे विशाल आयोजन में वे प्रभावी एवं दक्षतापूर्वक अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर सकें। यह बात पुलिस महानिरीक्षक ग्वालियर जोन अरविन्द कुमार सक्सेना ने सोमवार को उज्जैन में वर्ष 2028 में आयोजित होने वाले सिंहस्थ (कुंभ) मेले को दृष्टिगत रखते हुए छह दिवसीय विशेष प्रशिक्षण सत्र का शुभारंभ करते हुये कही।
विशेष प्रशिक्षण सत्र का शुभारंभ पुलिस लाइन में पुलिस महानिरीक्षक ग्वालियर जोन अरविन्द कुमार सक्सेना और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक धर्मवीर सिंह ने मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्जवलित कर किया। इस अवसर पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक धर्मवीर सिंह ने कहा कि सिंहस्थ 2028 को सुरक्षित, सुव्यवस्थित एवं श्रद्धालु-अनुकूल बनाने के लिए यह एक महत्वाकांक्षी एवं दूरदर्शी प्रशिक्षण कार्यक्रम है। सिंहस्थ के दौरान करोड़ों श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं सेवा का दायित्व मध्यप्रदेश पुलिस पर रहेगा, जिसके लिए प्रत्येक पुलिसकर्मी का पूर्णतः प्रशिक्षित एवं सजग होना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि पूर्व आयोजनों के अनुभवों एवं चुनौतियों से सीख लेते हुए हमें स्वयं को और अधिक सक्षम बनाना होगा, क्योंकि सिंहस्थ जैसे महाआयोजन में किसी भी प्रकार की चूक की गुंजाइश नहीं होती। ड्यूटी के दौरान पुलिस बल को भीड़ नियंत्रण, आकस्मिक परिस्थितियों, कानून-व्यवस्था एवं सुरक्षा संबंधी जटिल चुनौतियों का सामना करना होगा। क्राउड कंट्रोल एक वैज्ञानिक प्रक्रिया है और इसे प्रभावी ढंग से समझना एवं लागू करना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर विश्वास कर लाखों श्रद्धालु कुंभ मेले में पहुंचते हैं और इस विश्वास को बनाए रखना हम सभी की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
प्रशिक्षण शुभारंभ से पूर्व अति0 पुलिस अधीक्षक श्रीमती सुमन गुर्जर ने उपस्थित वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ग्वालियर एवं अन्य पुलिस अधिकारी व कर्मचारियों को हार्टफुलनेस मेडिटेशन के तहत ध्यान का अभ्यास कराया। इस अवसर पर एसडीओपी घाटीगांव शैलेन्द्र शर्मा, रक्षित निरीक्षक रणजीत सिंह सिकरवार की उपस्थित थे।