देशी गौवंश की दो दिवसीय प्रतियोगितायें आयोजित
ग्वालियर। दुग्ध उत्पादन बढ़ाने एवं गौ-पालन को प्रोत्साहित करने के लिये राज्य शासन के दिशा-निर्देशों के तहत ग्वालियर जिले के वृंदावन ग्रामों में गोपाल कृष्ण ग्राम पुरस्कार योजना के तहत देशी गौवंश की दो दिवसीय प्रतियोगितायें आयोजित की गईं। जिले के वृंदावन ग्राम बेहट में स्थानीय मंडी परिसर, टेकनपुर में पंचायत भवन डबरा व सिमिरियाटांका में पंचायत भवन में 30 व 31 अक्टूबर को इन प्रतियोगिताओं का आयोजन हुआ।
उप संचालक पशुपालन एवं डेयरी डॉ. दिलीप कुमार गुप्ता ने बताया कि वृंदावन ग्राम टेकनपुर में आयोजित हुई प्रतियोगिता में रामवीर सिंह परिहार की हरियाणा नस्ल की गाय प्रथम स्थान पर रही। प्रतियोगिता में इनकी गाय का दुग्ध उत्पादन प्रतिदिन 14.06 लिटर रहा। दूसरे स्थान पर श्रीराम फौजी की गिरि नस्ल की गाय रही। इनकी गाय का दुग्ध उत्पादन 11.19 लिटर प्रतिदिन रहा एवं तृतीय स्थान पर उपेन्द्र सिंह परिहार की मालवीय नस्ल की गाय रही। इनकी गाय का दुग्ध उत्पादन प्रतिदिन 6.04 लिटर आया। इसी प्रकार जिले के वृंदावन ग्राम बेहट में आयोजित हुई प्रतियोगिता में अंशू यादव की शाहीवाल नस्ल की गाय प्रथम स्थान पर रही। प्रतियोगिता में इनकी गाय का दुग्ध उत्पादन प्रतिदिन 6.3 लिटर रहा। दूसरे स्थान पर श्री मोनू गुर्जर की देशी गाय रही। इनकी गाय का दुग्ध उत्पादन 4.66 लिटर प्रतिदिन रहा एवं तृतीय स्थान पर नरेन्द्र गुर्जर की देशी गाय रही। इनकी गाय का दुग्ध उत्पादन प्रतिदिन 4.4 लिटर आया।
जिले के वृंदावन ग्राम सिमिरियाटांका में आयोजित हुई प्रतियोगिता में श्रीमतल लक्ष्मी की हरियाणा नस्ल की गाय प्रथम स्थान पर रही। प्रतियोगिता में इनकी गाय का दुग्ध उत्पादन प्रतिदिन 7.323 लिटर रहा। दूसरे स्थान पर नवल सिंह की शाहीवाल नस्ल की गाय रही। इनकी गाय का दुग्ध उत्पादन 6.981 लिटर प्रतिदिन रहा एवं तृतीय स्थान पर किशन रावत की गिरि नस्ल की गाय रही। इनकी गाय का दुग्ध उत्पादन प्रतिदिन 6.201 लिटर आया। उप संचालक पशुपालन ने बताया कि प्रतियोगिता के तहत 30 व 31 अक्टूबर को सुबह व शाम गायों के दूध की माप की गई। सबसे अधिक दूध देने वाली गाय को प्रथम पुरस्कार के रूप में एक लाख रुपए प्रदान किए जायेंगे। द्वितीय पुरस्कार के तहत 50 हजार और तृतीय पुरस्कार के तहत 25 हजार रुपए प्रदान किए जायेंगे।