राजस्व विभाग का अमला गाँव-गाँव पहुँचा, ई-केवायसी और लैंड रिकॉर्ड लिंकिंग का कराया काम
ग्वालियर। जिले में भी राज्य शासन के दिशा-निर्देशों के तहत प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के जन्मदिवस 17 सितम्बर से दो महत्वपूर्ण अभियान शुरू होंगे। इस दिन से शुरू होने जा रहे “मध्यप्रदेश स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन” अभियान के तहत जिले के लगभग 69 हजार 700 लोगों की आबादी भूमि व परिसम्पत्ति की नि:शुल्क रजिस्ट्री कर मालिकाना हक दिलाया जायेगा। “सेवा से संकल्प अभियान” के तहत विकसित भारत के निर्माण के लिये विकसित मध्यप्रदेश बनाने का संकल्प जन-जन तक पहुँचाया जायेगा। जन सहभागिता से एक माह तक चलने वाले इस अभियान के दौरान जन सेवा के विभिन्न प्रकार के सेवा प्रकल्प संचालित होंगे। साथ ही कल्याणकारी योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक हितग्राहियों तक पहुँचाने के प्रयास होंगे।
स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन अभियान को सुव्यवस्थित एवं प्रभावी ढंग से मूर्तरूप देने के लिये ग्वालियर जिले में तैयारियां जारी हैं। इस क्रम में सोमवार को राजस्व विभाग का मैदानी अमला गाँव-गाँव पहुँचा और नि:शुल्क रजिस्ट्री करने की पूर्व तैयारी की। जिले के लदवाया सहित अन्य ग्रामों में राजस्व अधिकारियों व पटवारियों ने ई-केवायसी व लैंड रिकॉर्ड लिंकिंग (एलआर) का कार्य कराया। साथ ही इस अभियान से संबंधित अन्य तकनीकी औपचारिकताओं को अंतिम रूप दिया। स्वामित्व योजना के क्रियान्वयन में पंचायत स्तर पर पटवारी निष्पादन अधिकारी होंगे। पंजीयन अधिकारी के रूप में तहसीलदार, नायब तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक एवं अन्य अधिकारी कार्य करेंगे। कलेक्टर श्रीमती रुचिका चौहान ने जिले के सभी राजस्व अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में विशेष शिविर लगाकर स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन योजना के तहत नि:शुल्क रजिस्ट्री करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने प्रत्येक राजस्व अधिकारी को प्रतिदिन कम से कम 30 से 40 रजिस्ट्री कराने का लक्ष्य दिया है। कलेक्टर ने सभी राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि स्वामित्व अभिलेख अभियान की बेहतर प्लानिंग और शैड्यूलिंग कर प्रति दिन प्रगति रिपोर्ट तैयार कर सबमिट करें।