राहुल गांधी की गिरफ्तारी के विरोध में कांग्रेस ने धरना प्रदर्शन किया
ग्वालियर। केंद्र की भाजपा सरकार के कार्यकाल में नीट, सीबीएसई एवं अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रही अनियमितताओं और धांधलियों के विरोध में दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर मोदी सरकार के इशारे पर पुलिस प्रशासन द्वारा किए गए बर्बरतापूर्ण लाठीचार्ज एवं आंसू गैस के गोले छोड़े जाने की घटना एवं इसका विरोध कर रहे लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को गिरफ्तार करना लोकतंत्र पर सीधा हमला है। यह देश के लोकतांत्रिक इतिहास पर एक काला धब्बा है।
राहुल गांधी की गिरफ्तारी के विरोध में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष श्याम सुंदर श्रीवास्तव के नेतृत्व एवं शहर कांग्रेस के अध्यक्ष सुरेंद्र यादव की उपस्थिति में दर्जी ओली महाराज बड़ा पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए तत्काल इस्तीफा देने की मांग की। शहर कांग्रेस अध्यक्ष सुरेंद्र यादव ने कहा कि मोदी सरकार युवाओं के सवालों से डर गई है। जब छात्र अपने अधिकार और पारदर्शी परीक्षा प्रणाली की मांग कर रहे हैं, तब सरकार लोकतांत्रिक आवाज को पुलिस के डंडों से कुचलने का प्रयास कर रही है। यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और अलोकतांत्रिक है। कांग्रेस पार्टी मांग करती है कि छात्रों पर हुए दमन की न्यायिक जांच कराई जाए, दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई हो तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान तत्काल अपने पद से इस्तीफा दें।
प्रदर्शन में ब्लॉक अध्यक्ष अंसार खान, हरि जाटव, कैलाश चावला, धर्मेंद्र जैन, भूपेंद्र तोमर, सोनू भदौरिया, विजय शर्मा, प्रतापराव महाडिक, रामेश्वर दयाल, मुनेश निगम, संजय फड़तरे, देवदत्त दुबे, मोनू भटनागर, अनिल गोदियाले, भगवान सिंह सोलंकी, सागर खर, हरेंद्र बघेल, सबर खान, अरमान खान, पप्पू पांडे, मोम शुक्ला, कपिल पाल, उपेंद्र जीवाजी राम मंडोल, सुनील माने, शंकर गबरा आदि शामिल थे।