एबीवी-आईआईआईटीएम ग्वालियर एवं पीडीटीसी, एमपीएमकेवीवीसीएल भोपाल के संयुक्त तत्वावधान में तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ
ग्वालियर। अटल बिहारी वाजपेयी भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी एवं प्रबंधन संस्थान (एबीवी-आईआईआईटीएम), ग्वालियर द्वारा पावर डिस्ट्रीब्यूशन ट्रेनिंग सेंटर (पीडीटीसी), मध्य प्रदेश मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड (एमपीएमकेवीवीसीएल), भोपाल के सहयोग से आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आज संस्थान के सी-ब्लॉक, के सेमिनार हॉल में शुभारंभ हुआ।
यह विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम एमपीएमकेवीवीसीएल, भोपाल के अभियंताओं एवं अधिकारियों के लिए आयोजित किया गया है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य प्रतिभागियों के तकनीकी ज्ञान, कार्यकुशलता तथा व्यावसायिक दक्षता को बढ़ाना है। प्रशिक्षण के दौरान विद्युत सुरक्षा, एटी एंड सी हानियों का प्रबंधन, स्मार्ट ग्रिड, स्मार्ट मीटरिंग, मांग पूर्वानुमान, डीसी माइक्रोग्रिड तथा विद्युत ग्रिड में इलेक्ट्रिक वाहनों के भार प्रबंधन जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा व्याख्यान दिए जाएंगे।
कार्यक्रम के उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि के रूप में श्री विनोद कटारे, मुख्य महाप्रबंधक, मध्य प्रदेश मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी लिमिटेड उपस्थित रहे। इस अवसर पर संस्थान एबीवी-आईआईआईटीएम ग्वालियर के प्रो. राजेन्द्र साहू, अधिष्ठाता (अनुसंधान एवं परामर्श), डॉ. विवेक तिवारी-विभागाध्यक्ष, कंप्यूटर विज्ञान एवं अभियांत्रिकी विभाग, विशेषज्ञ वक्ता डॉ. सचिन कुमार जैन, कोऑर्डिनेटर डॉ. वी. के. जैन, डॉ. नीलेश यादव, संस्थान के प्राध्यापकगण तथा एमपीएमकेवीवीसीएल के अभियंता एवं अधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के प्रारंभ में डॉ. वी. के. जैन ने प्रशिक्षण कार्यक्रम की रूपरेखा एवं आगामी तीन दिनों के विस्तृत कार्यक्रम की जानकारी देते हुए प्रतिभागियों को प्रशिक्षण के उद्देश्यों, विभिन्न तकनीकी सत्रों तथा अपेक्षित अधिगम परिणामों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्युत वितरण क्षेत्र में कार्यरत अभियंताओं एवं अधिकारियों को नवीनतम तकनीकी विकास, व्यावहारिक चुनौतियों तथा उनके समाधान से परिचित कराने हेतु तैयार किया गया है। मुख्य अतिथि श्री विनोद कटारे ने प्रतिभागियों को इस अवसर का अधिकतम लाभ उठाने तथा प्राप्त ज्ञान को अपने कार्यक्षेत्र में प्रभावी रूप से लागू करने के लिए प्रेरित किया।
प्रथम दिवस के तकनीकी सत्रों में डॉ. सचिन कुमार जैन, भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी, अभिकल्प एवं विनिर्माण संस्थान, जबलपुर ने “भार प्रबंधन एवं मांग पूर्वानुमान” विषय पर व्याख्यान दिया। इसके पश्चात डॉ. नीलेश यादव, एबीवी-आईआईआईटीएम ग्वालियर ने “अगली पीढ़ी की डीसी इमारतें : स्मार्ट ग्रिड, डीसी माइक्रोग्रिड एवं कन्वर्टर टोपोलॉजी” विषय पर विस्तृत जानकारी प्रदान की। दिन के अंतिम तकनीकी सत्र में डॉ. सचिन कुमार जैन ने “विद्युत ग्रिड में इलेक्ट्रिक वाहनों के भार का एकीकरण एवं प्रबंधन” विषय पर अपने विचार साझा किए तथा भविष्य की विद्युत वितरण प्रणालियों में इसकी भूमिका पर प्रकाश डाला।
तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के आगामी सत्रों में ट्रांसफॉर्मर निर्माण एवं कमीशनिंग, एटी एंड सी हानियों में कमी, सर्किट ब्रेकरों की स्थिति निगरानी, विद्युत सुरक्षा एवं जोखिम प्रबंधन, डीसी सुरक्षा प्रणाली, स्मार्ट मीटरिंग तथा विद्युत वितरण क्षेत्र की नवीनतम तकनीकों से संबंधित विषयों पर विशेषज्ञ व्याख्यान आयोजित किए जाएंगे।
कार्यक्रम में प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए विशेषज्ञों के साथ विचार-विमर्श किया तथा प्रशिक्षण को अत्यंत उपयोगी एवं ज्ञानवर्धक बताया। आयोजकों ने विश्वास व्यक्त किया कि यह प्रशिक्षण कार्यक्रम विद्युत वितरण क्षेत्र में कार्यरत अभियंताओं एवं अधिकारियों की तकनीकी क्षमता एवं व्यावसायिक दक्षता को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। यह जानकारी संस्थान की मीडिया प्रभारी दीपा सिंह सिसोदिया द्वारा प्रदान की गई है।