जनकल्याण शिविरों को सभी जिला स्तरीय अधिकारी गंभीरता से लें: प्रभारी कलेक्टर
ग्वालियर । जिले में विकासखंड स्तर व नगरीय निकायों में 12 से 18 जून तक आयोजित होने जा रहे “जनकल्याण शिविरों” को सभी जिला स्तरीय अधिकारी गंभीरता से लें। इन शिविरों में पहुँचकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा के अनुरूप आमजन की समस्याओं का त्वरित निराकरण सुनिश्चित करें। साथ ही सरकार की विभिन्न हितग्राहीमूलक योजनाओं से वंचित हितग्राहियों को चिन्हित कर लाभान्वित कराएं। इस आशय के निर्देश प्रभारी कलेक्टर कुमार सत्यम ने अंतरविभागीय समन्वय बैठक में दिए।
प्रभारी कलेक्टर सत्यम ने कहा कि जनकल्याण शिविरों में सीएम हैल्पलाइन, लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत लंबित प्रकरण, राजस्व मामले और मौके पर प्राप्त जन शिकायतों का निराकरण भी किया जायेगा। उन्होंने कहा कि शिविरों में आवेदन का निराकरण पूरी गंभीरता से करें। प्राप्त आवेदनों के निराकरण की मॉनीटरिंग सीएम हैल्पलाइन पोर्टल के माध्यम से की जायेगी। इसलिये प्राप्त सभी आवेदनों को पोर्टल पर अनिवार्यत: अपलोड करें। संबंधित अधिकारियों को जल्द ही पोर्टल का पृथक मॉड्यूल लॉगइन के लिये शीघ्र ही उपलब्ध करा दिया जायेगा। प्रभारी कलेक्टर कुमार सत्यम ने विशेष जोर देकर कहा कि खाद वितरण के लिए जिले के अधिकाधिक किसानों से ई-टोकन बुक कराएं। उन्होंने कहा कि अब केवल ई-विकास (ई-टोकन) प्रणाली के तहत ही खाद वितरित किया जायेगा। इसलिये सभी एसडीएम अपने-अपने क्षेत्र में किसान कल्याण एवं कृषि विकास, सहकारिता व खेती से जुड़े अन्य विभागों के अधिकारियों के माध्यम से किसानों को ई-टोकन प्राप्त करने के लिये जागरूक करें। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि जिन सहकारी संस्थाओं द्वारा नगद पर खाद लिया जाना है उनसे जल्द से जल्द डबल लॉक से खाद का उठाव कराएं। अन्य संस्थाओं को सहकारी बैंक के माध्यम से क्रेडिट लिमिट प्रदान की जा रही है।
सीएम हैल्पलाइन पोर्टल के माध्यम से प्राप्त शिकायतों के निराकरण में कुछ विभागों की ढिलाई सामने आने पर प्रभारी कलेक्टर कुमार सत्यम ने नाराजगी जताई। उन्होंने मुख्य चिकित्सा व स्वास्थ्य अधिकारी एवं जिला चिकित्सालय के सिविल सर्जन को संबंधित स्टाफ सहित कलेक्ट्रेट में बैठकर सीएम हैल्पलाइन की शिकायतों का निराकरण करने के निर्देश दिए। इसी तरह जिला शिक्षा अधिकारी, डीपीसी व उप संचालक कृषि एवं सीसीबी के अधिकारियों को जिला पंचायत में बैठकर शिकायतों का निराकरण करने की हिदायत दी गई। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सोजान सिंह रावत व एडीएम सीबी प्रसाद सहित जिले के एसडीएम एवं विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे।