हाउस प्रत्याशी की जीत की खुशी नहीं, पर प्रवीण की जीत का गम ज्यादा
ग्वालियर। मप्र चेंबर आफ कामर्स के चुनावों को संपन्न हुये 15 दिन बीत चुके है, लेकिन चेंबर चुनावों की कड़वाहट अभी तक चेंबर के व्हाईट हाउस और क्रियेटिव हाउस के आकाओं के मन से निकली नहीं है। जीते पदाधिकारी तो चेंबर के हित में एक होकर काम कर रहे हैं लेकिन व्हाईट और क्रियेटिव हाउस के लोगों ने अभी तक निर्दलीय जीते अध्यक्ष डा. प्रवीण अग्रवाल को बधाई तक नहीं दी है और न ही सार्वजनिक रूप से मिलकर उनका सम्मान किया हैं। जबकि बड़े दिल वाले डा. प्रवीण अग्रवाल क्रियेटिव हाउस से जीते संयुक्त अध्यक्ष सुरेश बंसल, उपाध्यक्ष संदीप नारायण अग्रवाल, व्हाईट हाउस से जीते सचिव दीपक अग्रवाल, सहसचिव दीपक पमनानी व कोषाध्यक्ष मनोज अग्रवाल बाबा को साथ लेकर आभार यात्रा तक निकाल चुके हैं।
प्रवीण की जीत पचा नहीं पा रहे
चेंबर चुनाव में स्वतंत्र प्रत्याशी डा. प्रवीण अग्रवाल की जीत को व्हाईट हाउस के दिग्गज अरविंद अग्रवाल, जीएल भोजवानी, डा. वीरेन्द्र गंगवाल पचा नहीं पा रहे हैं। इन लोगों ने अभी तक जीते अध्यक्ष को सार्वजनिक रूप से बधाई नहीं दी हैं। यही स्थिति क्रियेटिव हाउस के विजय गोयल, राधेश्याम भाकर, हेमंत गुप्ता, ओमप्रकाश अग्रवाल व राधाकिशन खेतान की हैं यह लोग भी डा. प्रवीण अग्रवाल की जीत को मन में उतार नहीं पाये है, क्योंकि यह सभी लोग खुलकर व्हाईट हाउस के प्रत्याशी पारस जैन के साथ थे। इसी कारण अब डा. प्रवीण अग्रवाल के सामने आने या उन्हें बधाई देने से हिचक भी रहे है। हालांकि पारस जैन अब अपनी हार के बाद नार्मल है और पहले की तरह सभी से मिलजुल रहे है।
पहले रोज पार्टियां अब जीत के बाद नहीं
चेंबर चुनाव से पहले व्हाईट और क्रियेटिव हाउस ने हर रोज पार्टियां देकर चेंबर के सदस्यों को उपकृत कर रही थी। अब व्हाईट और क्रियेटिव दोनों हाउस के जीते प्रत्याशियों ने कोई भी पार्टी नहीं की है, जिससे चेंबर सदस्य हैरान है। वहीं संयुक्त अध्यक्ष पद पर जीते क्रियेटिव हाउस के सुरेश बंसल ने जरूर एक पारिवारिक दष्टौन पार्टी में सभी बुलाया था।