शासकीय आदर्श विज्ञान महाविद्यालय ग्वालियर में छात्रों हेतु संभाग स्तरीय मानसिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसका विषय फ्रॉम डिस्टेंस टू सपोर्ट था. कार्यक्रम अध्यक्ष महाविद्यालय प्राचार्य डॉ सरिता श्रीवास्तव ने अपने स्वागत उद्बोधन में बताया कि वर्तमान समय में विद्यार्थियों का मानसिक रूप से तनावग्रस्त रहना एक आम समस्या है. इसके प्रति छात्रों एवं शिक्षकों के साथ अभिभावकों को भी जागरूक करने की आवश्यकता है. कार्यक्रम समन्वयक डॉ डीके शर्मा ने बताया कि उच्च शिक्षा विभाग, मध्य प्रदेश शासन के निर्देशानुसार अनुसार समस्त शासकीय एवं निजी विश्वविद्यालय, महाविद्यालय के प्राचार्य एवं एनटीएफ के नोडल अधिकारियों को विद्यार्थियों में बढ़ती मानसिक तनाव की समस्याओं को समझने एवं उनका सहयोग करने के उद्देश्य से इस कार्यक्रम का आयोजन किया गया है.
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि, अतिरिक्त संचालक, उच्च शिक्षा, ग्वालियर चंबल संभाग, डॉ कुमार रत्नम ने कहा कि वर्तमान समय में परिवारों में विखंडन हो रहा है तथा लोग़ अकेलेपन की समस्या से जूझ रहे हैं. इस कारण विद्यार्थी अनेक प्रकार की मानसिक समस्याओं से जूझ रहे हैं और उन्हें तनाव मुक्त रखने के लिए परिवार का साथ रहना अत्यंत आवश्यक है. मुख्य वक्ता के रूप में मानसिक आरोग्यशाला ग्वालियर से डॉ नंदकुमार ने तनाव तथा तनाव प्रबंधन पर विस्तार से अपने विचार रखे साथ ही जिसके माध्यम से विद्यार्थियों की अकादमिक समस्याओं का समाधान किया जा सकता है. साथ ही उन्होंने कहा कि माइंडफुलनेस, स्लीपिंग बैलेंस, डाइट, योगा, व्यायाम आदि पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए. विशिष्ट वक्ता डॉ नीरा श्रीवास्तव ने विद्यार्थियों को नकारात्मकता से सकारात्मक की ओर ले जाने की आवश्यकता पर बल दिया और बताया कि विद्यार्थियों में अभिव्यक्तियों के विस्तार की आवश्यकता है. विशिष्ट वक्ता संदीपा मल्होत्रा ने कहा कि मानसिक समस्याग्रस्त व्यक्ति को काउंसलर के पास अवश्य जाना चाहिए. समाज में बने इस भ्रम को तोड़ना होगा कि मानसिक चिकित्सक के पास सिर्फ पागलपन का इलाज होता है. वर्तमान में मानसिक व्याधियों का होना एक आम समस्या है. मीडिया प्रभारी डॉ सुयश कुमार ने बताया कि माननीय सुप्रीम कोर्ट के आदेश अनुसार समस्त महाविद्यालयों में नेशनल टास्क फोर्स कमेटी का गठन किया गया है जिसके अंतर्गत छात्र-छात्राओं के मानसिक स्वास्थ्य हेतु इस प्रकार के कार्यक्रम निरन्तर आयोजित किए जाने हैं.
कार्यक्रम का सफल संचालन आयोजन सचिव डॉ अंकिता सोनी द्वारा किया गया तथा आभार प्रदर्शन डॉ प्रगति पाठक ने किया. कार्यक्रम को सफल बनाने में सह-नोडल अधिकारी डॉ गरिमा शर्मा, डॉ विशाल कदम, डॉ उमाशंकर जाटोला, डॉ स्मिता अग्रवाल एवं डॉ सुप्रिया दीक्षित की महत्वपूर्ण भूमिका रही. कार्यक्रम के अंत में विभिन्न महाविद्यालयों से आए नेशनल टास्क फोर्स के अधिकारियों ने अपने सुझाव एवं फीडबैक रखे. कार्यक्रम में ग्वालियर संभाग के विभिन्न जिलों ग्वालियर, शिवपुरी गुना तथा अशोक नगर से महाविद्यालयों के प्राचार्यों, नोडल अधिकारियों और छात्र-छात्राओं ने सहभागिता की.