ग्वालियर। ग्वालियर बिजनेस एरिया के बीएसएनएल कर्मचारी एवं अधिकारी संगठनों के संयुक्त मंच AUAB (All Unions and Associations of BSNL) के प्रतिनिधिमंडल ने सांसद भारत सिंह कुशवाह से मुलाकात कर बीएसएनएल अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लंबित वेतन संशोधन सहित विभिन्न मांगों के संबंध में ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन के माध्यम से प्रतिनिधिमंडल ने अवगत कराया कि बीएसएनएल के अधिकारियों (Executives) एवं कर्मचारियों (Non-Executives) का वेतन संशोधन वर्ष 2017 से लंबित है। बीएसएनएल प्रबंधन द्वारा आंतरिक प्रक्रियाएं पूरी करने के पश्चात फरवरी 2026 में वेतन संशोधन का अंतिम प्रस्ताव दूरसंचार विभाग (DoT) को भेजा जा चुका है, लेकिन इस पर अभी तक अंतिम निर्णय नहीं हो पाया है। वेतन संशोधन में देरी का प्रमुख कारण वित्तीय घाटे में चल रहे सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (CPSEs) के लिए लागू एफोर्डेबिलिटी क्लॉज (Affordability Clause) बताया जा रहा है। AUAB की प्रमुख मांग है कि बीएसएनएल के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को वेतन संशोधन का लाभ प्रदान करने के लिए इस प्रावधान में आवश्यक छूट दी जाए अथवा उचित समाधान निकालकर लंबित वेतन संशोधन को शीघ्र स्वीकृति प्रदान की जाए।
संगठन ने यह भी कहा कि लंबे समय से वेतन संशोधन लंबित रहने के कारण कर्मचारियों एवं अधिकारियों में असंतोष व्याप्त है। बीएसएनएल के कर्मचारी एवं अधिकारी कठिन परिस्थितियों में कार्य करते हुए देश के दूरदराज के ग्रामीण क्षेत्रों सहित रणनीतिक एवं महत्वपूर्ण क्षेत्रों में दूरसंचार सेवाएं उपलब्ध कराने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। बीएसएनएल देश की संचार व्यवस्था को सुदृढ़ करने तथा डिजिटल कनेक्टिविटी के विस्तार में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है। AUAB द्वारा अपनी मांगों को लेकर देशभर में विभिन्न चरणों में प्रदर्शन, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अभियान तथा क्रमिक भूख हड़ताल जैसे आंदोलन किए जा चुके हैं। इसी क्रम में संगठन देशभर के सांसदों से मुलाकात कर ज्ञापन सौंप रहा है, ताकि बीएसएनएल कर्मचारियों एवं अधिकारियों की जायज मांगों को सरकार तक प्रभावी ढंग से पहुंचाया जा सके।
प्रतिनिधिमंडल ने सांसद से अनुरोध किया कि वे इस गंभीर विषय को केंद्र सरकार एवं संचार मंत्री के समक्ष उठाकर बीएसएनएल के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लंबित वेतन संशोधन को शीघ्र मंजूरी दिलाने हेतु आवश्यक पहल करें।AUAB ने स्पष्ट किया कि यदि मांगों का समयबद्ध समाधान नहीं किया जाता है, तो 20 नवंबर 2026 से देशव्यापी दिवसीय हड़ताल का आह्वान किया गया है। बीएसएनएल के कर्मचारियों एवं अधिकारियों को उम्मीद है कि केंद्र सरकार उनकी समस्याओं पर सकारात्मक निर्णय लेकर लंबे समय से लंबित वेतन संशोधन का मार्ग प्रशस्त करेगी।