राज्यपाल सचिवालय ने खनिज सचिव को दी 50 करोड़ के राजसात एवं सुपुर्दगी घोटाले की जांच की जिम्मेदारी
पुलिस थानों में राजसात किए खनिज सामग्रियों की रिकॉर्ड में हेरा फेरी का मामला
ग्वालियर। मध्य प्रदेश आरटीआई फाउंडेशन के अध्यक्ष एडवोकेट संजय दीक्षित द्वारा ग्वालियर चंबल संभाग में वित्तीय वर्ष 20 24 एवं 20 25 से आज तक पुलिस थानों में खनिज विभाग द्वारा राजसात एवं जप्त करके रखी विभिन्न खनिज सामग्रियां और अवैध भंडारण कि दोषी निर्माण कंपनियों की सुपुर्दगी में रखी गई खनिज सामग्रियां अवैध वाहनों के रिकॉर्ड में खनिज संसाधन मंत्रालय के क्षेत्रीय प्रमुख और उड़न दस्ता प्रभारी की संरक्षण में व्यापक पैमाने पर हेरा फेरी करके डबल इंजन की सरकार को लगभग 50 करोड रुपए के राजस्व की हानि पहुंचाने का आरोप लगाते हुए मामले की लोकायुक्त से जांच करने एवं दोषियों द्वारा एक सिंडिकेट की तर्ज पर किए गए भ्रष्टाचार की प्रारंभिक जांच करने के बाद प्रकरण लोकायुक्त को सौंपने 17 फरवरी को श्री दीक्षित द्वारा भेजे गए चार प्रस्तीय ज्ञापन पर राज्यपाल की विशेष सहायक श्रीमती नीलम जैन द्वारा तुरंत कार्रवाई करते हुए खनिज मंत्रालय के सचिव को शिकायत में उठाए गए बिंदुओं पर कार्रवाई करके एडवोकेट श्री दीक्षित को अवगत कराने के आदेश 25 फरवरी को जारी किए गए हैं।
: ईकेके कंपनी पर हो चुका है 14 करोड़ 40 लाख का जुर्माना
ग्वालियर शिवपुरी एन एच 46 हाईवे निर्माण में अवैध भंडारण खनिज सामग्री के मामले में 14 करोड़ 40 लाख का जुर्माना हो चुका है प्रकरण कलेक्टर न्यायालय में प्रचलन में है
: यह बिंदु है जांच के रडार पर
1, पुलिस थानों में राजसात और और जप्त करके रखी गई खनिज सामग्रियां अवैध वाहन और ठेकेदारों की जीएसटी रिटर्न एवं रॉयल्टी
2, उड़न दस्ता प्रभारी एवं जिला खनिज कार्यालय द्वारा केंद्रीय सतर्कता आयोग , जी ए डी और एनजीटी की गाइड लाइनों के उल्लंघन के मामले
3, खदानों के चारों तरफ की बैरियर जॉन पनडुब्बियों का खनन पर्यावरण मंजूरी के बिना किए जा रहे खनन के मामलों की जांच होगी तथा खदानों की माप भी की जाएगी।