BREAKING!
  • क्या यही स्मार्ट सिटी है.....?
  • निकाय चुनावों से उत्साहित कांग्रेस संगठन में नई जान फूंकने का प्रयास
  • डीआरडीई में तिरंगा अभियान के तहत विभिन्न कार्यक्रम आयोजित
  • अब संजू की तैयारी विधानसभा या भिंड से लोकसभा .......?
  • ऊषा अभियान से जुड़ने पर विद्यार्थियों को मिलता है विशेष ग्रेड अभियान से जुड़े लगभग 5 लाख लोग
  • मुख्यमंत्री चौहान ने वीर सपूत शहीद खुदीराम बोस की पुण्य-तिथि पर नमन किया
  • महापौर ने ग़रीबों के बीच मनाया -रक्षा सूत्र पर्व
  • पापों के प्रायश्चित और पुण्य कामना के लिए किया श्रावणी उपाकर्म
  • व्यापारिक हितों के लिए कैट का कार्य प्रशंसनीय : मनोज तोमर
  • ग्वालियर के 12 करातेकाज़, आल इंडिया इंडिपेंडेंस कप कराते चैंपियनशिप में दिखायेंगे दम

बेहतर प्रदर्शन न करने वाले भाजपा जिलाध्यक्षों की छुटटी होगी?

03-Aug-22 180
Sandhyadesh


-विनय अग्रवाल-
भोपाल/ग्वालियर। मध्यप्रदेश में नगरीय निकाय चुनावों में ठीकठाक प्रदर्शन न करने वाली भाजपा जिला इकाईयों के अध्यक्षों की छुटटी होगी। भाजपा आलाकमान इन अध्यक्षों की जगह नये चेहरे तलाश भी चुका हैं और जल्दी ही घोषणा भी हो सकती है। इस संदर्भ में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और संगठन महामंत्री भी आपस में गुफ्तगू कर चुके है। ग्वालियर और मुरैना जैसे जिलों में महापौर सीट गंवाने के बाद वहां मचे पार्टी के अंदरूनी घमासान के बाद शिकवे शिकायतों के दौर भी चल रहे हैं। यहां के जिलाध्यक्ष भी बदलने की तैयारी हैं।
ज्ञांतव्य है कि भाजपा प्रदेश आलाकमान मध्यप्रदेश में कई जिलों में नगरीय व पंचायत चुनावों में बेहतर प्रदर्शन न कर पाने वाली जिला इकाइयों में फेरबदल कर सकता है, इसके लिए भाजपा के महापौर सहित विभिन्न पदों पर पराजित प्रत्याशियों ने प्रदेश आलाकमान से लेकर केन्द्रीय आलाकमान तक शिकायतें भेजी है। जिसके बाद प्रदेश का संगठन अब अपने स्वयं के उपर आंच न आने पाये इसके चलते अब जिलाध्यक्षों पर गाज गिराने की तैयारी में हैं। सूत्रों का कहना हैं कि भाजपा के प्रदेश आलाकमान ने बदले जाने वाले जिलाध्यक्षों को भी स्पष्ट हिदायत दे दी है कि वह अपने रवैये में सुधार लाये, कार्यकर्ताओं से बेहतर समन्वय बनाये। बताया जाता है कि 2023 के विधानसभा चुनाव के मददेनजर अब भाजपा संगठन किसी भी प्रकार की रिस्क नहीं चाहता और आम आदमी पार्टी के कारण भाजपा के वोट बैंक पर हो रहे नुकसान से भी चिंतित है। इसी के चलते अब प्रदेश भाजपा अध्यक्ष व्ही.डी. शर्मा भी जल्दी ही प्रदेशभर में अब दौरों की शुरूआत भी कर सकते है। 
बताया जाता है कि जिन जिलों में भाजपा अध्यक्ष बदले जा सकते है उसमे ग्वालियर, मुरैना, सतना, सीधी, सिंगरौली, शिवपुरी, अशोक नगर, छिंदवाड़ा, जबलपुर, रीवा, कटनी आदि प्रमुख हैं। इन जिलों के भाजपा नेताओं के भी पर कतरे जा सकते है। पार्टी आलाकमान कार्यकर्ताओं, पराजित प्रत्याशियों से आने वाली शिकायतों पर भी गहन मंथन में लगा है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि भाजपा संगठन इस बात को बेहतर तरीके से जानता है कि यदि भाजपा जिलाध्यक्षों को अभी लाइन पर नहीं लाया गया तो जिलों में पार्टी का ढांचा ही बिगड़ सकता हैं, जिसका खामियाजा 2023 के चुनावों में भुगतना पड़ सकता हैं। इसी के दृष्टिगत अब सारी कवायद दीनदयाल परिसर भोपाल में चल रही है।
अनूप की चेतावनी भी रंग लायेगी
ग्वालियर में भाजपा के नगरीय निकाय चुनाव घोषणा पत्र के दौरान पूर्व मंत्री व वरिष्ठ भाजपा नेता अनूप मिश्रा की बेकद्री के दौरान हुये बबाल का मामला भी गरमाया हुआ है। इसमें चुनाव के दौरान पूर्व मंत्री अनूप मिश्रा ने पार्टी प्रदेश प्रमुख सहित अन्य नेताओं से स्पष्ट कर दिया था कि उन्हें जिलाध्यक्ष पद पर किसी भी स्तर पर बदलाव चाहिये ही। ज्ञांतव्य है कि पूर्व मंत्री अनूप मिश्रा भाजपा जिलाध्यक्ष कमल माखीजानी की जगह कोई अन्य चेहरा चाहते हैं।
माखीजानी ने भी बदला पाला
इधर सूत्रों के मुताबिक पहले सांसद विवेक शेजवलकर के कोटे से बने भाजपा जिलाध्यक्ष कमल माखीजानी ने पूर्व में सिंधिया गुट में शरण ले ली थी। अब वह सिंधिया गुट से भी दूर है और केन्द्रीय मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर से भी दूरियां बनाये हुये हैं। अब उन्होंने स्वयं पांच भाजपाइयों का गुट बनाकर अगला विधानसभा चुनाव लड़ने की गोटियां फिट करनी शुरू कर दी है। 

Popular Posts