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Sandhyadesh

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आईटीएम के डॉ दीपेश ने यूवी वॉटर फिल्टर से तैयार किया अल्ट्रावॉयलेट डिस्इंफेक्टेंट

28-Mar-20 57
Sandhyadesh

सब्जियां, फल व अन्य छोटे सामानों को जीवाणु रहित करने के लिए आईटीएम जीओआई की फैकल्टी ने तैयार किया सस्ता व सरल हैंडी डिस्इंफेक्टेंट।
सिर्फ 850 रूपए की लागत में कोई भी घर में ही बना सकता है। यूवी रेज के कारण खत्म होते हैं जीवाणु, सावधानी रखना भी जरूरी।
ग्वालियर। देश में फैली कोरोना की बीमारी अब महामारी का रूप ले चुकी है। इसके खतरे को समझते हुए लोग अब सावधानी बरतने की पूरी कोशिश कर रही हैै। खासकर वायरस या अन्य बीमारियों से बचने के लिए घर में उपयोग लाई जाने वाली चीजों को जीवाणु रहित या डिसइन्फेक्टेंट करने की महत्वता बहुत बढ़ गई हैै। हर कोई अपने और परिवार के सदस्यों की सुरक्षा के लिए चीजों को पूणर्त: स्वच्छ और जीवाणुरहित करके ही उपयोग करने पर ध्यान देने लगा है। हालांकि सिर्फ  धो लेने मात्र से ही सब्जियां, फल, कीबोर्ड, माउस, प्लेटफॉर्म या अन्य घरेलू उपयोगी चीजें जीवाणुरहित नहीं हो पाती और जो मार्केट में डिस्इंफेक्टेंट मौजूद हैं उन्हें खरीदना हर किसी के बस में नहीं। इसकी महत्वता को समझते आईटीएम ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशन्स के केमिस्टिी डिपार्टमेंट के असि प्रो डॉ दीपेश भारद्वाज ने कम कीमत में ही सरलता से घर में ही तैयार होने वाला खास हैंडी यूवी डिस्इंफेक्टेंट तैयार किया हैै। 
उन्होंने घर में उपयोग होने वाले यूवी वाटर फिल्टर के यूवी लैंप (11 वॉट मरकरी ) का उपयोग करते हुए इसको बहुत ही आसानी से उपयोग किए जाने वाले हैंडी युवी डिसइनफेक्टेंट में परिवर्तित किया है। इसका उपयोग छोटे सामान, सब्जियों आदि को जीवाणु रहित करने में किया जा सकता है क्योंकि यह पराबैगनी किरण पर आधारित है। इसी कारण इन किरणों का शरीर से सीधा संपर्क होने से बचाना अत्यंत आवश्यक है हालांकि 1 या 2 सेकंड के संपर्क से घबराने की आवश्यकता नहीं है। उपयोग करते समय दस्ताने और धूप के चश्मे का उपयोग करना आवश्यक है।
ऐसे समझें
सामान्यत: अल्टावायलेट रेज या पराबैगनी किरणों को तीन भागों में बांटा जा सकता है।  यूवी-ए, यूवी-बी और यूवी-सी। इनमें से यूवी-सी का उपयोग सभी तरह के वाटर फिल्टर में किया जा रहा है क्योंकि इसका तरंग धैर्य 100 से 280 नैनोमीटर के बीच होती हैं, जो कि उच्च ऊर्जा युक्त विद्युत-चुंबकीय तरंगें हैं। इसमें से लगभग 180 से लेकर 280 नैनोमीटर तरंग का उपयोग यूवी वॉटर फिल्टर में सूक्ष्मजीवों का नाश या निष्क्रिय करने में उपयोग की जा रही है। डॉ भारद्वाज के अनुसार मार्केट में उपलब्ध यूवी लैंप, जैकेट, एडेप्टर, दरवाजे के हैंडल लगभग 850 रूपए तक में आ जाते हैं। इन्हें बताए गए तरीके से आप घर में ही आसानी से यूवी डिसइनफेक्टेंट में परिवर्तित कर सकते हैं। 
ऐसे बनाएं
 सर्वप्रथम मार्केट से आप यूवी वाटर फिल्टर का यूवी लैंप एसेम्बली लाएं। इसके बाद यूवी लैंप जैकेट को लगभग 2 ’ 10 सेमी का कट कर ले ताकि यूवी लाइट बाहर सके। ध्यान रहे इसके अंदर उपस्थित कांच को नुकसान ना पहुंचे।  इसके पश्चात सामान्य दरवाजे में लगने वाले हैंडल को इसमें फिक्स कर दें। फिर इस जैकेट के अंदर यूवी लैंप को फिक्स करें। विद्युत एडेप्टर के पॉइंट्स को यूवी लैंप में लगाने के बाद विद्युत सप्लाई करें। इसके अंदर बिजली चालू करते ही यू.वी लैंप नीली रोशनी के साथ जल उठेगा। आप जिस भी चीज को डिस्इंफेक्टेड करना चाहते हैं उसके सामने इसे 15-20 सेकंड रखें। इससे आप घर में उपयोगी होने वाले छोटे सामानों, सब्जियों, फलों, माउस, कीबोर्ड, प्लेटफार्म, दरबाजे, शूज आदि को जीवाणु रहित कर सकते हैं। 
वाटर फिल्टर से तैयार यह डिस्इंफेक्टेंट बेहतर इनोवेशन
घरेलू चीजों या किसी भी स्क्रेप से अगर इस तरह के इन्वेंशन किए जाते हैं, जिससे हम चीजों को जीवाणुरहित कर सकें तो यह बहुत अच्छी बात है। वाटर फिल्टर से तैयार यह हैंडी यूवी डिस्इंफेक्टेंट काफी कारगार है, इससे प्लेटफार्म, सब्जियां, घरेलू चीजें बेहतर तरीके से साफ की जा सकती हैं। अब तो हॉस्पिटल्स व अन्य इंडस्टीज में भी इन यूवी डिस्इंफेक्टेंट का उपयोग किया जाने लगा है हालांकि यूवी रेज के कारण उपयोगकर्ता का सावधानी से उपयोग करना जरूरी है। 
प्रो डॉ मीनाक्षी मजूमदार, डायरेक्टर आईटीएम ग्रुप ऑफ  इंस्टीट्यूशन्स

2020-06-03