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बेहतर शोध के लिएमैथमेटिकल स्किल को सुधारने पर करें फोकस-प्रो. कुशेंद्र मिश्रा

20-Jan-20 62
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ग्वालियर। यदि आप शोधार्थी हैं और बेहतर शोध करना चाहते हैं, तो आपकोे अपनी मैथमेटिकल स्किल को सुधारने पर फोकस करना चाहिए। अंकों के बिना हम किसी भी सिद्धांत का मूल्यांकन नहीं कर सकते। यह बात डाॅ. भीमराव अंबेडकर यूनिवर्सिटी से आए प्रो. कुशेंद्र मिश्रा ने कही। वह जीवाजी यूनिवर्सिटी के प्रबंध अध्ययनशाला के समापन पर बतौर विशिष्ट अतिथि बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि शोधार्थियों को अपने शोध कार्य को स्कोपस लिस्टेड जर्नल्स में प्रकाशित  करना चाहिए ताकि उनका शोध व्यापक तौर पर पाठकों तक पहुंच सके। इस अवसर पर मुख्य अतिथि जेयू के डीसीडीसी प्रो. डीडी अग्रवाल रहे। जेयू मैनेजमेंट विभाग की ओर से विभागाध्यक्ष प्रो. सुविज्ञा अवस्थी, डाॅ. सुवर्णा परमार, डाॅ. रश्मिता सिंह, डाॅ. प्रियदर्शिनी नागौरी और निक्की जैन सहित कई शोधार्थी भी मौजूद रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राॅक्टर प्रो. एसके सिंह ने की।कार्यक्रम का संचालन लिली वत्स ने और आभार अभिजीत सिंह चैहान ने किया।
बढ़ रहा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस
प्रो. डीडी अग्रवाल ने कहा कि वर्तमान में आर्टिफिशियल इंटेलिलेंस तेजी से बढ़ रहा है। इससे डाॅक्टर्स और इंजीनियर्स को काफी सहायता मिलती है। उन्होंने प्राइमरी डाटा वेलिड और रिलायबल होने की बात भी कही। 
मैच नहीं होते फिंगर प्रिंट
प्रो. एसके सिंह ने कहा कि मानव शरीर पांच तत्वों से मिलकर बना है। इसके बावजूद सभी लोगों के फिंगर प्रिंट एक- दूसरे से मैच नहीं होते।इसी तरह से हर व्यक्ति में विलक्षण प्रतिभा होती है, जरूरत है उस प्रतिभा को निखारने की। 

2020-04-07aaj