अवैध कॉलोनियों को वैध करने का अभियान 8 मई को ग्वालियर से शुरू होगा

2018-04-26 18:05:47 69
Sandhya Desh


ग्वालियर । मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान 8 मई को ग्वालियर से अवैध कॉलोनियों को वैध करने के अभियान का प्रदेशव्यापी शुभारंभ करेंगे। इस दिन मुख्यमंत्री के मुख्य आतिथ्य में फूलबाग मैदान पर शुभारंभ कार्यक्रम आयोजित होगा। ग्वालियर शहर और जिले के अन्य नगरीय निकायों में गाइड लाईन के अनुसार अवैध कॉलोनियों को वैध करने की प्रथम चरण की कार्रवाई 30 अप्रैल तक पूर्ण करें। यह निर्देश कलेक्टर राहुल जैन ने राजस्व एवं नगर निगम के अधिकारियों की संयुक्त बैठक में दिए। 
गुरूवार को यहाँ कलेक्ट्रेट के सभागार में आयोजित हुई बैठक में कलेक्टर जैन ने नगर निगम एवं राजस्व विभाग के अधिकारियों को हिदायत दी कि वे आपसी समन्वय के साथ इस कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता के आधार पर अंजाम दें। इसमें किसी प्रकार की ढ़िलाई बर्दाश्त नहीं होगी। बैठक में बताया गया कि अवैध कॉलोनी को वैध बनाने के लिए प्रथम चरण में ग्वालियर शहर की 87 कॉलोनियों का नोटिफिकेशन कराया गया था। गाइड लाईन के तहत इनमें से 35 कॉलोनियाँ वैध होंगीं। इसी तरह डबरा शहर में प्रथम चरण में 39 कॉलोनियों को वैध करने का प्रथम प्रकाशन कराया गया है। ग्वालियर शहर में द्वितीय चरण में भी 87 कॉलोनियों का नोटिफिकेशन जारी हुआ है। अवैध कॉलोनियों को वैध करने की कार्रवाई 15 अगस्त तक पूर्ण की जानी है। उन्होंने ग्वालियर शहर में भू-धृति अधिकार अधिनियम के तहत आवासीय पट्टे देने के काम को भी जल्द से जल्द पूर्ण करने की हिदायत भी दी। कलेक्टर जैन ने कहा कि राज्य शासन ने यह भी निर्देश दिए हैं कि ग्रामीण अंचल में कोई भी ऐसा व्यक्ति शेष न रहे, जिस पर आवासीय भूमि का मालिकाना हक न हो। इसलिए 30 अप्रैल तक  शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्र में हर पात्र व्यक्ति को आवासी भूमि का मालिकाना हक दिलाने के निर्देश भी राज्य शासन ने दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के सभी पात्र हितग्राहियों को भी पट्टे व भू-अधिकार पत्र दिलाएं। 
कलेक्टर जैन ने कहा ग्रामीण अंचल में आबादी भूमि, वास स्थान दखल एवं दखल रहित जमीन पर जरूरतमंदों को आवासीय भूमि का मालिकाना हक दिलाएं। उन्होंने समग्र आईडी के आधार पर हर गाँव में आवासीय पट्टे वाले हितग्राहियों की सूची तैयार करने की हिदायत दी। गेहूँ उपार्जन केन्द्रों पर किसानों के लिए छाया व पेयजल के पुख्ता प्रबंध करने पर भी कलेक्टर ने विशेष जोर दिया। उन्होंने राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे नियमित रूप से खरीदी केन्द्रों पर पहुँचकर यह व्यवस्थाएं सुनिश्चित कराएं। कलेक्टर ने कहा कि उतने ही किसानों को एसएमएस भेजकर बुलाएं, जितने किसानों की फसल एक दिन में खरीदी जा सकती है। बैठक में बताया गया कि जिले में अब तक 43 हजार मैट्रिक टन गेहूँ का उपार्जन किया जा चुका है। राजस्व वसूली अभियान आगे भी जारी रखने के निर्देश भी कलेक्टर ने दिए। साथ ही कहा कि शासन की नई खनिज नीति के तहत तत्परता से एनओसी जारी करें। उन्होंने सीएम हैल्पलाइन, आरसीएमएस में प्रकरणों को दर्ज करने, मशीन से जमीन का सीमांकन तथा राजस्व प्रकरणों के निराकरण की समीक्षा भी बैठक में की। बैठक में अपर कलेक्टर दिनेश श्रीवास्तव व  शिवराज वर्मा सहित जिले के सभी एसडीएम, तहसीलदार व नायब तहसीलदार समेत अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद थे। 

Latest Updates