सरदार पटेल के काम हम सबके लिये प्रेरणा स्त्रोत हैं : राज्यपाल

2018-02-12 19:25:29 113
Sandhya Desh


* एनआईटीएम में सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमा का अनावरण 
ग्वालियर । लोह पुरूष सरदार वल्लभ भाई पटेल दूर दृष्टि रखते थे। उनके द्वारा राष्ट्र निर्माण के लिये किए गए काम हम सबके लिये आज भी प्रेरणा स्त्रोत हैं। यह बात राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने कही। श्रीमती आनंदीबेन सोमवार को यहाँ एनआईटीएम (नागाजी इंस्टीट्यूट और टेक्नोलॉजी एण्ड मैनेजमेंट) में लोह पुरूष सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमा अनावरण कार्यक्रम को संबोधित कर रही थीं। कार्यक्रम की अध्यक्षता उच्च शिक्षा एवं लोक सेवा प्रबंधन मंत्री  जयभान सिंह पवैया ने की। इस अवसर पर नगरीय विकास एवं आवास मंत्री माया सिंह, महापौर\विवेक नारायण शेजवलकर, जीडीए अध्यक्ष श्री अभय चौधरी व साडा अध्यक्ष श्री राकेश जादौन मंचासीन थे। 
राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने कहा कि सरदार वल्लभ भाई पटेल ने दीर्घकाल को ध्यान में रखकर अहमदाबाद में वाडीलाल साराभाई हॉस्पिटल के लिये एक हजार एकड़ जमीन अधिग्रहीत की थी। पहले यह जमीन शहर के बाहर थी पर आज वह बीचों बीच है। उसी जमीन पर आर्थिक रूप से कमजोर लोगों के लिये 22 मंजिला अत्याधुनिक अस्पताल निर्माणाधीन हैं। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि वे कितने बड़े दूर दृष्टा थे। राज्यपाल ने कहा कि उन्होंने अहमदाबाद सहित अन्य शहरों में स्वच्छता की भी अलख जगाई। जब वे भारत के उप प्रधानमंत्री बने तो सोमनाथ मंदिर का जीर्णोद्धार कराया। उनके सहयोग से गुजरात के आणंद जिले में तत्समय शुरू हुई अमूल डेयरी अब पूरी दुनिया में धाक जमा चुकी है। 
श्रीमती आनंदीबेन ने पानी की बचत, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण में योगदान देने का आहवान भी एनआईटीएम के विद्यार्थियों से किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के एक भारत श्रेष्ठ भारत के सपने को साकार करने में आप सभी सहयोगी बनें। राज्यपाल ने कहा सौभाग्य की बात है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मेदी के नेतृत्व में भारत का दबदबा पूरी दुनिया में बढ़ा है। वे सबका साथ सबका विकास के मूल मंत्र के साथ काम कर रहे हैं। युवा पीढ़ी यदि भेदभाव को भुलाकर देश के विकास में जुटेगी तो भारत निश्चय ही फिर से विश्व गुरू बनेगा। 
उच्च शिक्षा मंत्री जयभान सिंह पवैया ने इस मौके पर कहा कि भारत के एकीकरण में दो महान विभूतियों का विशेष योगदान रहा है। जगदगुरू आदि  शंकराचार्य ने जहाँ देश को आध्यात्मिक व सामाजिक एकता के धागे में देश को बांधने का काम किया, वहीं लोह पुरूष सरदार वल्लभ भाई पटेल ने 565 रियासतों में विभाजित भारत को एक किया। पवैया ने कहा खुशी की बात है कि प्रधानमंत्री की पहल पर सरदार वल्लभ भाई पटेल की अति विशाल प्रतिमा गुजरात में स्थापित हो रही है, जो विश्व की सबसे ऊँची प्रतिमा होगी। वहीं मुख्यमंत्री शिवराज सिंह की पहल पर जगदगुरू आदि शंकराचार्य की 108 फीट ऊँची प्रतिमा ओंकारेश्वर में स्थापित हो रही है। 
आरंभ में अतिथियों ने एनआईटीएम परिसर में स्थापित की गई सरदार पटेल की प्रतिमा का अनावरण किया। कार्यक्रम के अंत में एनआईटीएम के चेयरमेन  प्रताप सिंह तोमर ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर डॉ. शैलेन्द्र सर्राफ, एनआईटीएम के सचिवअमर सिंह तोमर मंचासीन थे। 

Latest Updates